| Attribute | Details |
|---|---|
| Song Name | Saadgi Toh Hamari |
| Singer Name | Nusrat Fateh Ali Khan |
| Lyrics Name | Saadgi Toh Hamari Lyrics |
| Music Director | Rahul – Anjan |
| Label | NAV Records |
Saadgi Toh Hamari Lyrics
Saadagi To Hamari Zara DekhiyeAitbaar Aapke Vaade Per Kar Liya
Masti Mein Ik Haseen Ko Khuda Kah Gaye Hain HumJo Kuch Bhi Keh Gaye Hein Baja Keh Gaye Hain Hum
Wah, Raftgi To Dekho Hamare Khaloos KiKis Saadgi Say Tujhko Khuda Keh Gaye Hain Hum
Kiss Shoq, Kiss Tamanna, Kis Darja Sadgi SeHum Aap Ki Shikayat Karte Hain Aap Hi Se
Ik Tere Adaab Ki Rodaad Ho Gaye Hain HumBadhe Khuloos Se Barbaad Ho Gaye Hain Hum
Saadagi To Hamari Zara DekhiyeAitbaar Aapke Vaade Per Kar LiyaBaat To Sirf Ik Raat Ki Thi MagarIntazaar Aap Ka Umar Bhar Kar Lia
Ishq Mein Uljhane Pehle Hi Kam Na ThiAur Paida Naya Dard-E-Sir Kar LiaLog Darte Hain Qaatil Ki Parchaayin SeHumne Qaatil Ke Dil Mein Bhi Ghar Kar Liya
Zikr Ik Bewafa Aur Sitamgar Ka Tha
Shikwa Kia, Sitam Ka To Namdida Ho GayeTum To Zara Si Baat Par Ranjida Ho Gaye
Tera Zulm Nahi Hai Shamil Gar Meri Barbadi MeinPhir Yeh Aankhein Bheeg Rahi Hain Kyun Mere Afsaane Se
Meri Halat Daikh Ker Tum Kyun Pareshan Ho Gaye
Zikr Ik Bewafa Aur Sitamgar Ka ThaAap Ka Aisi Baaton Se Kiya WastaAap To Bewafa Aur Sitamgar NahiAap Ne Kis Liye Mun Udhar Kar Lia
Jab Tulu Aaftab Hota Hai, Gham Ke Sagar Uchaal Deta HoonTazkara Jab Wafa Ka Hota Hai, Mein Tumhari Misaal Deta Hoo
Nahi Kyun Aankh Milayi Thi, Kyun Aag Lagai ThiUb Rukh Kyun Chupa Baithe Kar Ke Mujhe Deewana
Aap To Bewafa Aur Sitamgar NahiAap Ne Kis Liye Mun Udhar Kar Lia
Zindagi Bhar Ke Shikwe-Gile The BohatWaqt Itna Kahan Tha Ke Dohratay HumEk Hijki Mein Keh Dali Sub DastaanHumne Qisse Ko Yun Mukhtasar Kar Lia
Beqarari Milay Gi Mitega SukoonChain Chin Jayega Neend Urh JayegiApna Anjaam Sub Hum Ko Maloom ThaAapse Dil Ka Sauda Magar Kar Lia
Zindagi Ke Safar Mein Bahot Door TakJab Koi Dost Aaya Na Humko NazarHumne Ghabra Ke Tanhaaiyon Se SabaEk Dushman Ko Khud Humsafar Kar Liya
Saadagi To Hamari Zara DekhiyeAitbaar Aapke Vaade Per Kar Liya
Saadgi Toh Hamari Lyrics In Hindi
सादगी तो हमारी जरा देखिये
ऐतबार आपके वादे पर कर लिया
मस्ती में इक हसीनों को खुदा कह गए हैं हम
जो कुछ भी कह गए हैं बजा कह गए हैं हम
वाह, रफ़्तागी तो देखो हमारे ख़लूस की
किस सादगी से कहें तुझको खुदा कह गए हैं हम
किस शौक़, किस तमन्ना, किस दरजा सादगी से
हम आप की शिक़ायत करते हैं आप ही से
इक तेरे अदब की रोड़ हो गए हैं हम
बढ़ते खुलूस से बरबाद हो गए हैं हम
सादगी तो हमारी जरा देखिये
ऐतबार आपके वादे पर कर लिया
बात तो सिर्फ इक रात की थी मगर
इंतज़ार आप का उमर भर कर लिया
इश्क में उलझने पहले हाय काम ना थी
और पैदा नया दर्द-ए-सर कर लिया
लोग डरते हैं कातिल की परछाइयां से
हमने कातिल के दिल में भी घर कर लिया
ज़िक्र इक बेवफ़ा और सितमगर का था
शिकवा किआ, सितम का तो नामदिदा हो गया
तुम तो ज़रा सी बात पर रंजीदा हो गए
तेरा जुल्म नहीं है शामिल गर मेरी बरबादी में
फिर ये आंखें भीग रही हैं क्यों मेरे अफसाने से
मेरी हालत दइख केर तुम क्यों परेशान हो गए
ज़िक्र इक बेवफ़ा और सितमगर का था
आप का ऐसी बातों से किया वास्ता
आप तो बेवफ़ा और सितमगर नहीं
आप ने किस लिए मुन उधार कर लिया
जब तुलू आफताब होता है, गम के सागर उछाल देता मैं हूं
तज़कारा जब वफ़ा का होता है, मैं तुम्हारी मिसाल देता हूँ
नहीं क्यों आंख मिलायी थी, क्यों आग लगायी थी
उब रुख क्यों छुपा बैठे कर के मुझे दीवाना
आप तो बेवफ़ा और सितमगर नहीं
आप ने किस लिए मुन उधार कर लिया
जिंदगी भर के शिकवे-गइले द बोहत
वक़्त इतना कहाँ था के दोहराते हम
एक हिजकी में केह डाली सब दास्तां
हमने क़िस्से को यूं मुख़्तसर कर लिया
बेकरारी मिलाय गी मिटेगा सुकून
चैन चिन जाएगी नींद उर जाएगी
अपना अंजाम सब हम को मालूम था
आपसे दिल का सौदा मगर कर लिया
जिंदगी के सफर में बहुत दूर तक
जब कोई दोस्त आया ना हमको नज़र
हमने घबरा के तन्हाइयाँ से सबा
एक दुश्मन को खुद हमसफ़र कर लिया
सादगी तो हमारी जरा देखिये
ऐतबार आपके वादे पर कर लिया
ऐतबार आपके वादे पर कर लिया
मस्ती में इक हसीनों को खुदा कह गए हैं हम
जो कुछ भी कह गए हैं बजा कह गए हैं हम
वाह, रफ़्तागी तो देखो हमारे ख़लूस की
किस सादगी से कहें तुझको खुदा कह गए हैं हम
किस शौक़, किस तमन्ना, किस दरजा सादगी से
हम आप की शिक़ायत करते हैं आप ही से
इक तेरे अदब की रोड़ हो गए हैं हम
बढ़ते खुलूस से बरबाद हो गए हैं हम
सादगी तो हमारी जरा देखिये
ऐतबार आपके वादे पर कर लिया
बात तो सिर्फ इक रात की थी मगर
इंतज़ार आप का उमर भर कर लिया
इश्क में उलझने पहले हाय काम ना थी
और पैदा नया दर्द-ए-सर कर लिया
लोग डरते हैं कातिल की परछाइयां से
हमने कातिल के दिल में भी घर कर लिया
ज़िक्र इक बेवफ़ा और सितमगर का था
शिकवा किआ, सितम का तो नामदिदा हो गया
तुम तो ज़रा सी बात पर रंजीदा हो गए
तेरा जुल्म नहीं है शामिल गर मेरी बरबादी में
फिर ये आंखें भीग रही हैं क्यों मेरे अफसाने से
मेरी हालत दइख केर तुम क्यों परेशान हो गए
ज़िक्र इक बेवफ़ा और सितमगर का था
आप का ऐसी बातों से किया वास्ता
आप तो बेवफ़ा और सितमगर नहीं
आप ने किस लिए मुन उधार कर लिया
जब तुलू आफताब होता है, गम के सागर उछाल देता मैं हूं
तज़कारा जब वफ़ा का होता है, मैं तुम्हारी मिसाल देता हूँ
नहीं क्यों आंख मिलायी थी, क्यों आग लगायी थी
उब रुख क्यों छुपा बैठे कर के मुझे दीवाना
आप तो बेवफ़ा और सितमगर नहीं
आप ने किस लिए मुन उधार कर लिया
जिंदगी भर के शिकवे-गइले द बोहत
वक़्त इतना कहाँ था के दोहराते हम
एक हिजकी में केह डाली सब दास्तां
हमने क़िस्से को यूं मुख़्तसर कर लिया
बेकरारी मिलाय गी मिटेगा सुकून
चैन चिन जाएगी नींद उर जाएगी
अपना अंजाम सब हम को मालूम था
आपसे दिल का सौदा मगर कर लिया
जिंदगी के सफर में बहुत दूर तक
जब कोई दोस्त आया ना हमको नज़र
हमने घबरा के तन्हाइयाँ से सबा
एक दुश्मन को खुद हमसफ़र कर लिया
सादगी तो हमारी जरा देखिये
ऐतबार आपके वादे पर कर लिया

